Tuesday, May 7, 2013

जीमेल, फेसबुक को करें रिमोट लॉग आउट


आप ऑफिस के काम काज में व्यस्त हो घर के लिए निकलते समय अपना फेसबुक या जीमेल अकाउंट लॉग आउट करना भूल गए तो कहीं से भी रिमोट लॉग आउट फीचर का उपयोग कर आप अपने फेसबुक अकाउंट को बंद कर सकते हैं। चलिए जानते हैं कैसे करें रिमोट लॉग आउट- 
 फेसबुक अकाउंट की दायीं ओर अकाउंट सेटिंग में जाइए और बायीं ओर सिक्योरिटी को क्लिक कीजिए। सिक्योरिटी सेटिंग में आपको एक्टिव सेशन मिलेगा।
 हो सकता हे आपका फेसबुक अकाउंट कोई न खोले लेकिन फिर भी आपको सावधान रहना चाहिए और एक्टिव सेशन मोड को लॉग आउट जरूर करना चाहिए। अब रिमोट लॉग आउट के लिए वहां दिख रहे इंड एक्टिविटी को क्लिक करिए और उसके बाद सामान्यत: जैसे फेसबुक लॉग आउट करते हैं बस, अब आप निश्चिंत हो जाइए आपका फेसबुक कोई नहीं देखेगा।
 इसी तरह जीमेल अकाउंट में नीचे की ओर दायीं तरफ डिटेल्स पर क्लिक करें और साइन आउट ऑल अदर सेशन पर क्लिक करें। डिटेल्स में आपको यह भी दिख जाएगा की किस आइपी से आपके जीमेल अकाउंट को खोला गया है।
 तो बस रहिए थोड़ा अलर्ट क्योंकि आपके अकाउंट के खुला रहने पर कोई चुरा सकता है आपकी प्राइवेसी।









बड़ी फाइल्स की फटाफट शेयरिंग


कई बड़ी फाइल्स भेजने में काफी दिक्कत होती है। ईमेल से भी लार्ज अटैचमेंट्स फाइल्स नहीं भेज सकते, क्योंकि उमसें भी 25 एमबी तक की फाइल्स भेजने की लिमिट होती है। ऐसे में यूजर के लिए बड़ी समस्या खड़ी हो जाती है। अगर आपको फटाफट फाइल भेजनी हो, तो क्या करें? हम बता रहे हैं ऐसी कुछ सर्विसेज जिससे आप और बड़ी फाइलें आसानी से शेयर कर सकते हैं..
 ईमेल से भेजें बड़ी फाइल्स 
 कई ईमेल प्रोवाइडर्स एक मेल में केवल 25 एमबी तक का ही डाटा अटैच करने की सुविधा देते हैं। इस फीचर का इस्तेमाल तब तो ठीक है, जब कई सारी छोटी-छोटी फाइल्स भेजनी हों। आप उन्हें एक-एक करके भेज सकते हैं।
 जिप कंप्रेशन 
 अगर आपको यूट्यूब पर अपलोड किए बिना 30 एमबी की कोई फाइल या वीडियो भेजना हो, तो ऐसे में क्या करेंगे? वहीं, अगर इंटरनेट स्पीड भी स्लो हो, तो इसके लिए आप जिप या रार सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल कर सकते हैं। यह बड़ी फाइल्स भेजने का आसान तरीका है। इसकी एक और खूबी है कि इसमें अतिरिक्त सुरक्षा के लिए पासवर्ड भी लगा सकते हैं। जिप और रार दोनों सॉफ्टवेयर्स ही फाइल्स को 60 फीसदी तक कंप्रेस कर देते हैं, जिससे उनका वॉल्यूम कम हो जाता है और उन्हें भेजना आसान हो जाता है।
 यूआरएल: डब्ल्यूडब्ल्यूडब्ल्यू.रारलैब.कॉम
 डब्ल्यूडब्ल्यूडब्ल्यू.7-जिप.ओआरजी
 डब्ल्यूडब्ल्यूडब्ल्यू.विनजिप.कॉम
 फाइल स्प्लिटर 
 जिप सॉफ्टवेयर्स की भी अपनी एक लिमिट है। ये भी किसी फाइल को एक लिमिट तक ही कंप्रेस कर सकते हैं। लेकिन कभी अगर 1 जीबी का कोई सॉफ्टवेयर या वीडियो अपलोड करना हो, तो शायद जिप भी आपकी मदद नहीं कर पाएगा। ऐसे में फाइल स्प्लिटर की मदद ले सकते हैं। फाइल स्प्लिटर की खासियत है कि यह किसी भी तरह की फाइल को टुकड़ों में बांट देता है, जिसके बाद आप सभी फाइल्स को अलग-अलग ईमेल से भेज सकते हैं। इनकी दूसरी खूबी यह है कि टुकड़ों में बंटी फाइल्स को यह एक फाइल में भी कनवर्ट कर देते हैं।
 यूआरएल: डब्ल्यूडब्ल्यूडब्ल्यू.एचजेस्पलीट.कॉम
 डब्ल्यूडब्ल्यूडब्ल्यू.फाइलस्पिलीटर.ओआरजी
 डब्ल्यूडब्ल्यूडब्ल्यू.डेकाबाइट.कॉम
 बेस्ट शेयरिंग सर्विसेज 
 डब्ल्यूडब्ल्यूडब्ल्यू.बेफाइल्स.कॉम 
 बेफाइल्स से यूजर 5 जीबी तक की फाइल्स ही शेयर कर सकते हैं। यहां पर फाइल्स डाउनलोड या अपलोड करने की कोई लिमिट नहीं हैं। इसके इंटरफेस पर यूजर अपलोड स्पीड और टाइमर भी देख सकता है। लेकिन यह मल्टीपल अपलोड फाइल्स सिस्टम को सपोर्ट नहीं करता। इसके अलावा इस पर अपलोड की गई फाइल 30 दिन में ऑटोमेटिकली इनएक्टिव हो जाती है। इंटरफेस के जरिए फाइल अपलोड करने के बाद यूजर चाहे तो किसी के साथ भी शेयरिंग कर सकता है और चाहे तो लिंक्स को डिलीट भी कर सकता है।
 डब्ल्यूडब्ल्यूडब्ल्यू.फाइलड्रॉपर.कॉम 
 बेफाइल्स की तरह फाइलड्रॉपर का इंटरफेस भी बेहद आसान है। यहां भी यूजर 5 जीबी तक की फाइल्स अपलोड कर सकता है। यूजर को इसमें कोई साइन-अप नहीं करना पड़ता। इसके अलावा इसकी सबसे बड़ी खासियत है कि दूसरी साइट्स की तरह यहां से डाटा डिलीट नहीं होता है। यह तभी संभव है अगर कोई भी यूजर उस फाइल को 30 दिनों तक डाउनलोड नहीं करता है अन्यथा वह फाइल ऑटोमेटिकली डिलीट हो जाएगी।
 डब्ल्यूडब्ल्यूडब्ल्यू.स्लिंगफाइल.कॉम 
 इसकी खासियत है कि इसमें यूजर 50 जीबी तक की फाइल्स अपलोड कर सकता है। यह मल्टीपल अपलोडिंग को सपोर्ट करता है। साथ ही दूसरी साइट्स के मुकाबले इसकी इनएक्टिव लिमिट भी ज्यादा है। अगर फाइल 180 दिन तक इनएक्टिव रहती है, तभी फाइल डिलीट होगी। एक बार फाइल अपलोड करने के बाद यूजर अपने ईमेल पर डाउनलोड और डिलीट लिंक भी भेज सकता है, और 3 लोगों के साथ उस लिंक को शेयर भी कर सकता है। साथ ही स्लिंगफाइल में अनलिमिटेड डाउनलोडिंग का ऑप्शन है।
 डब्ल्यूडब्ल्यूडब्ल्यू.योरफाइललिंक.कॉम 
 इसमें यूजर 5 जीबी तक की फाइल्स अपलोड कर सकते हैं। इसमें साइन-अप करने की जरूरत नहीं है, साथ ही यूजर अनलिमिटेड डाउनलोड कर सकते हैं। दूसरी साइट्स की तरह यहां इनएक्टिव फाइल्स 15 दिनों में डिलीट हो जाती हैं।
 डब्ल्यूडब्ल्यूडब्ल्यू.पाइपबाइट्स.कॉम 
 यह वेब बेस्ड इंटरफेस एप्लीकेशन है, जहां यूजर अपने ब्राउजर से ही फाइल्स अपलोड या डाउनलोड कर सकता है। इसमें साइज की कोई पाबंदी नहीं है, साथ ही न तो आपको रजिस्ट्रेशन करने की जरूरत है और न ही अपना ईमेल आईडी देने की। आपको बस कोड अपने फ्रेंड्स के साथ शेयर करना होता है और वे डाउनलोडिंग शुरू कर सकते हैं। इसकी ट्रांसफर स्पीड 30 एमबिट प्रति सेकेंड है और यूजर फटाफट फाइल शेयर कर सकता है।
 डब्ल्यूडब्ल्यूडब्ल्यू.सेनडुइट.कॉम 
 इसमें यूजर कोई सॉफ्टवेयर डाउनलोड किए बिना वेब इंटरफेस से ही फाइल्स अपलोड कर सकता है। इसमें फाइल्स के साइज को लेकर कोई पाबंदी नहीं है और अनलिमिटेड साइज की फाइल्स शेयर कर सकते हैं। इसकी एक और खासियत है कि इसमें फाइल को डिलीट करने का टाइम यूजर के पास होता है। यूजर चाहे तो 30 मिनट से लेकर 1 हफ्ते का टाइम सेट कर सकता है, जिसके बाद फाइल ऑटोमेटिकली डिलीट हो जाएगी।
 शेयरिंग फटाफट 
 डब्ल्यूडब्ल्यूडब्ल्यू.ड्रॉपबॉक्स.कॉम 
 ऑनलाइन शेयरिंग के मामले में ड्रॉपबॉक्स सबसे बेस्ट है। ड्रॉपबॉक्स में यूजर केवल 2 जीबी का डाटा ही अपलोड कर सकते हैं। ड्रॉपबॉक्स की सबसे बड़ी खूबी है कि यूजर डाटा को आईफोन-आईपैड, एंड्रॉयड, ब्लैकबेरी और सिंबियन एप्स से डिवाइसेज पर भी एक्सेस और अपलोड कर सकते हैं। हालांकि ड्रॉपबॉक्स पर 2 जीबी ही फ्री स्पेस मिलता है लेकिन फ्रेंड्स को इनवाइट करके 500 एमबी प्रति इनविटेशन से मुफ्त में ही स्पेस बढ़ा सकते हैं। ड्रॉपबॉक्स को एक्सेस करने के लिए किसी ब्राउजर की जरूरत नहीं पड़ती। यूजर अगर ऑफलाइन है, तो भी डेस्कटॉप पर सेव एप्लीकेशन ऑटोमेटिक सिंक करती रहेगी और ऑनलाइन होते ही ड्रॉपबॉक्स पर ऑटोमेटिक अपडेट हो जाएगा।
 स्काइड्राइव.लाइव.कॉम 
 स्काईड्राइव पर यूजर 25 जीबी की फ्री स्टोरेज देता है। स्काइड्राइव में भी हार्डड्राइव से फाइल्स को ड्रेग और ड्रॉपिंग करने का ऑप्शन है। स्काइड्राइव को यूजर आउटलुक.कॉम, हॉटमेल.कॉम या लाइव.कॉम पर आईडी बना कर भी एक्सेस कर सकते हैं। यहां पर मल्टीपल फाइल शेयरिंग का ऑप्शन है। केवल फोल्डर क्रिएट करके उसे फ्रेंड्स के ईमेल एड्रेस शेयर करने हैं। इसकी डेस्कटॉप एप्लीकेशन भी इंस्टॉल कर सकते हैं।
 ड्राइव.गूगल.कॉम 
 गूगल की यह सुविधा जीमेल यूजर्स के लिए है। जीमेल में गूगल ड्राइव को इंटीग्रेट किया गया है। साइन-इन करने के बाद ड्राइव पर क्लिक करके यूजर सीधे फाइल को अपलोड करके फ्रेंड्स के साथ शेयर कर सकते हैं। इसमें मल्टीपल ईमेल एड्रेस शेयरिंग की सुविधा है। इसमें यूजर को 5 जीबी का फ्री स्पेस मिलता है। इसकी डेस्कटॉप एप्लीकेशन भी इंस्टॉल कर सकते हैं।
 ड्राइव.गूगल.कॉम 
 बॉक्स पर यूजर 5 जीबी का फ्री स्पेस मिलता है। इसके वेब एप्स के साथ डेस्कटॉप और मोबाइल एप भी उपलब्ध हैं। इसमें मल्टीपल शेयरिंग की सुविधा है। साथ ही वर्ड या एक्सेल डॉक्यूमेंट्स की ऑनलाइन एडिटिंग भी कर सकते हैं।
 डब्ल्यूडब्ल्यूडब्ल्यू.एड्राइव.कॉम 
 एड्राइव बेसिक प्लान में मेंबर को पर्सनल यूज के लिए 50 जीबी का स्पेस फ्री देती है। एड्राइव में यूजर अपलोडिंग के दौरान डाउनलोडिंग भी कर सकते हैं। एड्राइव पर यूजर एमएस ऑफिस, फोल्डर्स, एप्लीकेशंस, फोटोग्राफ्स, म्यूजिक और वीडियो फाइल्स शेयर कर सकते हैं।



कीबोर्ड शार्टकट्स के साथ रफ्तार से करें काम


की बोर्ड को केवल टाइपिंग के लिए इस्तेमाल करने के अलावा उसे अपनी वर्क स्पीड बढ़ाने में भी कारगर रूप से इस्तेमाल कर सकते हैं। जानें कुछ की बोर्ड शार्टकट्स के बारे में, जो आपके काम की रफ्तार बढ़ा सकते हैं..
 - कंट्रोल प्लस इएससी का इस्तेमाल करके आप सीधे स्टार्ट मेन्यू खोल सकते हैं।
 - किसी फाइल या फोल्डर को रिनेम करने के लिए एफ 2 दबाएं।
 - किसी फाइल को ढूंढना चाहते हैं तो सिर्फ एफ 3 या विन प्लस एफ दबाकर सर्च विंडो खोलें।
 - किसी फाइल, फोल्डर या ड्राइव आदि की प्रोपर्टीज देखने के लिए माउस का कर्सर उस पर रखें और अल्ट प्लस इंटर यूज करें।
 - डेस्कटॉप पर खुले हुए सभी प्रोग्राम्स को एक साथ मिनिमाइज करने के लिए विंडोज की प्लस एम यूज करें।
 - मिनिमाइज किए हुए सभी प्रोग्राम्स और फाइलों को मैक्सिमाइज करने के लिए विंडोज की प्लस शिफ्ट प्लस एम का यूज करें।
 - डेस्कटॉप पर खुले सभी डॉक्यूमेंट्स या प्रोग्राम्स में से किसी एक को सेलेक्ट करने के लिए अल्ट प्लस टैब का यूज करें।
 - किसी भी एक्टिव प्रोग्राम को बंद करने के लिए अल्ट प्लस एफ 4 का यूज करें।
 -अगर माउस को राइट क्लिक किए बिना काम करना चाहते हैं तो शिफ्ट प्लस एफ 10 यूज करें।
 - जब किसी फाइल को डिलीट करते हैं, तो वह सीधे रिसाइकिल बिन में चली जाती है, जहां से दोबारा रिस्टोर किया जा सकता है। अगर किसी फाइल को हमेशा के लिए डिलीट करना चाहते हैं तो शिफ्ट के साथ डिलीट का यूज करें।
 -अगर टास्कबार में खुले प्रोग्राम्स को एक-एक कर खोलना चाहते हैं तो अल्ट के साथ इएससी यूज करें।
 - किसी भी एक्टिव विंडो को बंद करने के लिए कंट्रोल के साथ डब्ल्यू का यूज करें।
 - अगर ब्राउजर में कई टैब्स खुले हों तो कंट्रोल के साथ टैब से एक-एक ब्राउजर को चेक कर सकते हैं।
 - किसी भी पेज या डाक्यूमेंट की प्रोपर्टीज जाननी हो, तो राइट क्लिक करने की बजाय शिफ्ट के साथ एफ 10 का यूज भी कर सकते हैं।
 - किसी भी पीसी की सिस्टम कंफिगरेशन के बारे में जैसे सीपीयू, रैम या ओएस के बारे में तुरंत पता लगाना है तो विन के साथ पाउज या ब्रेक का यूज कर सकते हैं।


सज्जा दीवारों की


रंगों के त्योहार होली के दौरान अक्सर फ्लोर और दीवारों पर रंग गिर ही जाता है। कैसे करें इसकी सफाई कि घर की सज्जा की खूबसूरती रहे बरकरार..
 रंगों के त्योहार होली बीत गया और इसी के साथ गर्मी के मौसम ने भी दस्तक दे दी है। होली के दौरान खेले जाने वाले रंगों से संभव है कि आपके घर की दीवारों के रंगों को कुछ नुकसान पहुंचा हो, जाहिर है घर के इंटीरियर पर किसी तरह का प्रभाव न पड़े इसलिए आप भी उसकी सफाई के बारे में जरूर सोच रहे होंगे या फिर यह विचार भी हो रहा हो कि क्यों न घर की दीवारों पर नया रंग-रोगन करा लिया जाए। वैसे इसमें कोई दो राय नहीं कि दीवारों पर रंग कराने के लिए यह सही मौसम है। बहरहाल यदि आप नया रंग नहीं कराना चाहते और यदि डिस्टेंपर की जगह दीवारों पर अगर आपने पेंट का इस्तेमाल किया है तो उसकी साफ-सफाई और मेंटीनेंस के लिए इन बातों पर गौर कर सकते हैं-
 -दीवारों की सफाई के लिए यह बेहद जरूरी है कि उन पर वॉशेबल पेंट किया गया हो। ऑयल बाउंड डिस्टेंपर की सफाई की जाए तो उसके पूरी तरह से खराब होने का डर रहता है।
 -वॉशेबल पेंट से रंगी गई दीवारों की साफ-सफाई के दौरान भी कुछ विशेष बातों का ध्यान रखना जरूरी है। ऐसी दीवारों से रंग या फिर धब्बे को छुड़ाने के लिए पानी के साथ स्पंज या फिर सूती तौलिये का इस्तेमाल किया जा सकता है।
 -दीवारों की सफाई के लिए आप चाहें तो पानी में साबुन भी मिला सकते हैं। पानी और साबुन के घोल से दीवारों पर लगे दाग आसानी से छुड़ाए जा सकते हैं।
 -वॉशेबल पेंट की सफाई के बारे में पेंट बनाने वाली कंपनियों की वेबसाइट्स पर भी जानकारी दी गई होती है। इसकी सहायता भी आप ले सकते हैं।
 -पानी प्रतिरोधी रंगों से रंगी गई दीवारों के लिए आप स्टेन ब्लॉकर की मदद भी ले सकते हैं। इसके इस्तेमाल से सामान्य तौर पर आसानी से दीवारों पर दाग-धब्बे नहीं लगते।
 -यदि साफ-सफाई के बावजूद दीवारों दाग नहीं हटते तो ऐसे में टच-अप का इस्तेमाल किया जा सकता है। इस प्रक्रिया में दाग लगे हिस्से की सफाई के बाद दुबारा उसी रंग का पेंट कर दिया जाता है।
 -खास बात यह है कि टच-अप करने के बाद जब पेंट पूरी तरह से सूख जाता है तो उसमें किसी तरह का दाग नहीं दिखाई देता। हां, यह संभव है कि नया पेंट कुछ अलग से दिखे, इसके लिए आप प्रोफेशनल पेंटर की सेवाएं ले सकते हैं।
 -यह भी संभव है कि दीवारों के साथ कुछ रंग फ्लोर पर भी गिरा हो और उसकी वजह से फ्लोर कुछ भद्दा दिखाई दे। इसकी सफाई के लिए आप बेकिंग सोडा और पानी का इस्तेमाल कर सकते हैं।
 -बेकिंग सोडा और पानी को कुछ समय के लिए दाग के ऊपर रखकर छोड़ दें और बाद में उसे सूखे कपड़े से पोंछकर दाग हटा सकते हैं।
 -बेहतर होगा कि बेकिंग सोडा का इस्तेमाल सिर्फ फ्लोर की सफाई के लिए करें, दीवारों के रंगों पर इसके इस्तेमाल से पेंट का नुकसान पहुंच सकता है।
 -इन चीजों का अपनाकर आप एक बार फिर अपने घर की सज्जा और सजावट को उसी रंग में वापिस ला सकते हैं।






स्मार्ट महिला.. स्मार्ट खाता


डिजिटल दुनिया की जरूरत है कि स्मार्टली मैनेज हो आपकी बैंक डिपॉजिट। जानें कि कैसे एटीएम के इस्तेमाल से लेकर मोबाइल एलर्ट तक अब आपके साथ चौबीसों घंटे है ताकत अपने पैसे तक पहुंच और इस पर नियंत्रण की..
 दिनभर की भागमभाग वाली जिंदगी में लगी स्मार्ट महिलाओं को चाहिए एक स्मार्ट बैंक खाता, जो उनकी बैंकिंग जरूरतों को पूरा करने के साथ रोजमर्रा की जिंदगी को आसान बना सके। इसके लिए बैंकों ने सदियों से चले आ रहे बचत खाता के स्वरूप को बदलकर रख दिया है। अब यह सिर्फ कम ब्याज देकर छोटी बचतों को सहेजने या बचत की आदत डालने वाला साधारण खाता नहीं रहा। बैंकों ने इसमें कई फीचर जोड़कर इसे काफी आकर्षक बना दिया है। इसी के जरिये वह आपसे संबंधों की शुरुआत करते है।
 एटीएम कार्ड मुफ्त में 
 खाते से पैसा निकालने के लिए आपको बैंक आना न पड़े इसके लिए अधिकांश बैंक एटीएम कार्ड खाता खुलने के साथ वेलकम किट में ही दे देते है। कई बैंकों के एटीएम में डेबिट कार्ड का फीचर रहता है इससे आप खरीददारी या उपयोग वाली सेवाओं के बिलों का भुगतान और रेलवे का आरक्षण भी करा सकती है या फिर किसी धार्मिक संस्था या मंदिर को दान देने के लिये भी उपयोग कर सकती है। इसके जरिये खरीददारी को प्रोत्साहित करने के लिए बैंक समय-समय पर कैशबैक ऑफर भी देते है। अब एटीएम कार्ड के जरिये दूसरे खाते में पैसा भी भेजा जा सकता है। कई बैंकों के एटीएम में आपस में तालमेल होता है। इससे आप दूसरे बैंक के एटीएम का उपयोग कर सकती है। अपने बैंक के एटीएम के उपयोग के लिए कोई शुल्क नहीं लगता। कई बैंकों ने कुछ शुल्क भी निर्धारित किया है। स्टेट बैंक ने एटीएम का सबसे बड़ा नेटवर्क स्थापित किया है। कई शहरों में उनके मोबाइल एटीएम भी कार्य कर रहे है। वैसे तो बैंक एटीएम कार्ड मुफ्त देते है, पर कई बैंक वार्षिक या रखरखाव शुल्क के नाम पर कुछ शुल्क पहले या दूसरे साल से लेने लगते है। यदि संयुक्त खाता है तो सभी खातेदारों को एटीएम कार्ड दिया जा सकता है।
 आया मल्टीसिटी चेक का जमाना 
 चूंकि अधिकांश बैंकों की शाखाएं अब आपस में नेटवर्क से जुड़ी रहती है इससे ग्राहक शाखा का न होकर बैंक का हो जाता है और वह दूसरे शहर की शाखाओं भी लेन-देन कर सकता है। इसके लिए बैंक सममूल्य भुगतान सुविधा वाली मल्टीसिटी चेक जारी करता है। कई बैंक तो इन चेकों के ऊपर ग्राहकों का नाम तथा खाता नंबर भी मुद्रित करा देते है। अधिकांश बैंक साधारण शुल्क पर कुछ बैंक उससे कुछ अधिक शुल्क पर इसे जारी करते है।
 सैलरी खाता है तो कई सुविधाएं 
 संस्था के कर्मचारियों का वेतन खाता खोलने वाले संस्थानों के कर्मचारियों को बैंक कई आकर्षक रियायतें और सहूलियतें प्रदान करते है। उनके खातों का वर्गीकरण उनके पद और वेतन के अनुरूप करके सुविधायें प्रदान करते है। इसमें प्रमुख है रिटेल लोन की प्रक्रिया शुल्क की कमी, मुफ्त चेक पर्ची, खाते से असीमित निकासी, एटीएम से अधिक निकासी की सुविधा एवं अधिक सुविधा वाले कार्ड जारी करना, चेक वापसी सुरक्षा या अल्पकालिक ओवरड्राफ्ट या ऋण की सुविधा प्रमुख है।
 आटो स्वीप के जरिए ज्यादा ब्याज 
 यदि आपके बचत खाते में ठीक-ठाक बैलेंस रहता है तो बेहतर है कि उस शाखा में खाता खोलें जहां आटो स्वीप की सुविधा उपलब्ध हो। इसमें महीने में आप द्वारा चुनी गई तिथि पर आप द्वारा निर्धारित राशि से अधिक राशि स्वत: आटो स्वीप के जरिये टर्म डिपाजिट में ट्रांसफर हो जाती है और आपको सावधि जमा का ऊंची दर पर ब्याज मिलने लगता है। यह अधिक ब्याज कमाने का अच्छा जरिया है। भुगतान लेते समय स्वत: टर्म डिपाजिट से राशि बचत खाते में अंतरित हो जाती है और आपका भुगतान हो जाता है।
 इंटरनेट बैंकिंग का मुकाबला नहीं 
 यदि आप टेक्नोसेवी है, आपकी पहुंच में इंटरनेट है तो आप इंटरनेट बैंकिंग के जरिये अपना लेन-देन कर सकती है। बैंक नेट के जरिये बैंकिंग को काफी प्रोत्साहन देते है। स्टेटमेंट छापना, खाते में धन ट्रांसफर करना, चेकबुक की मांग या ड्राफ्ट इत्यादि बनवाना इसकी कुछ मुख्य विशेषतायें है। इंटरनेट के जरिए टैक्स भुगतान को अब सरकार अनिवार्य करने जा रही है। बैंकें यह सेवा भी मुफ्त में प्रदान करती है।
 विशेष लोगों को विशेष रियायतें 
 संपन्न खाताधारकों को बैंक कई तरह की रियायतें जैसे लॉकर किराये में कमी, कुछ सीमा तक ड्राफ्ट, बैंकर्स चेक या धन का प्रेषण या चेकों का संग्रह, डिमेट खाते में छूट, बीमा जैसी सुविधायें प्रदान करते है। ऐसे लोगों के लिए और भी आकर्षक आफरों के साथ व्यक्तिगत सेवा प्रदान करने के लिए रिलेशनशिप मैनेजर भी नियुक्त कर रखे है।
 एसएमएस अलर्ट से अपडेट 
 यदि आपने अपने खाते को एसएमएस अलर्ट से जोडऩे के लिए बैंक में आवेदन कर रखा है तो आपके खाते में होने वाले किसी भी लेनदेन का मैसेज आपके मोबाइल पर आ जाता है। कुछ बैंक खाता खुलने के समय ही यह सुविधा स्वत: ग्राहकों को प्रदान कर देते है और कई बैंकों में आवेदन पत्र देकर या इंटरनेट बैंकिंग के जरिये यह सुविधा लेनी पड़ती है।
 मोबाइल बैंकिंग को बढ़ावा 
 कुछ बैंकों ने इसकी शुरुआत कर दी है। शुरुआत में बिलों का भुगतान या खाते में राशि अंतरित करने जैसे कार्य किये जा सकते है।
 दूसरे बैंकों में पैसा भेजना आसान आरटीजीएस यानी रियल टाइम ग्रास सेटलमेंट एवं एनईएफटी यानी नेशनल इलेक्ट्रानिक फंड ट्रांसफर किया जा सकता है। रिजर्व बैंक द्वारा प्रायोजित यह सुविधा अधिकांश बैंकों की नेटवर्क से जुड़ी शाखाओं में उपलब्ध है। इसके लिए आपके पास उस बैंक का आईएफएससी कोड हेना चाहिए जहां आप पैसा भेज रही है। आरटीजीएस में ऑनलाइन दो लाख रुपये से अधिक का फंड ट्रांसफर होता है, जबकि एनईएफटी में कोई सीमा निर्धारित नहीं है। ड्राफ्ट की तुलना में इसके जरिये पैसा भेजना काफी किफायती है और तत्काल पैसा ट्रांसफर होने से इसका उपयोग दूसरी ओर किया जा सकता है।